वंदे मातरम्, राष्ट्रगान और रामराज्य : भारत की सांस्कृतिक चेतना का पुनर्जागरण -प्रो देव प्रकाश मिश्र।
भारतीय राष्ट्र की आत्मा को यदि किसी एक सांस्कृतिक प्रतीक में पढ़ा जा सकता है, तो वह है “वंदे मातरम्।” यह गीत केवल भावनाओं का संचार नहीं करता, बल्कि भारतीयता के उस सनातन दृष्टिकोण को जीवित करता है जिसमें मातृभूमि को देवी माना गया है, और राष्ट्र को एक जीवंत, संवेदनशील इकाई। स्वतंत्रता